
लुटगांव में ग्रामीण पर सरपंच-उपसरपंच और सचिव ने मिलकर किया लाठी-डंडों से हमला
✍️ उपसंपादक मोहम्मद साहिब
जनपथ टुडे डिंडौरी 19 जून- जिला डिंडोरी के अंतर्गत ग्राम लुटगांव से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ गाँव के ही एक ग्रामीण पहलू लाल कन्नौजिया पर पंचायत के रसूखदारों द्वारा लाठी-डंडों और रॉड से जानलेवा हमला करने का आरोप लगा है। इस हमले में पीड़ित का सिर फट गया है और पैर में गंभीर फ्रैक्चर है।
पीड़ित परिवार की महिला ने बताया कि वे लोग अपने घर के सामने मजदूरी का काम कर रहे थे। इसी दौरान अचानक वहाँ चार लोग आए, जिनके हाथों में डंडे और लोहे की छड़ थी। बिना किसी बात किए उन्होंने पीछे से हमला कर दिया। महिला के अनुसार, हमलावरों ने पहलू लाल कन्नौजिया के पैर पर डंडों से लगातार वार किए जिससे वह जमीन पर गिर गया, जमीन पर गिरने के बाद भी रसूखदारों ने बेरहमी से मारपीट की और जातिसूचक व अपशब्दों का प्रयोग किया।
सीसी रोड निर्माण को लेकर था विवाद
पीड़ित पहलू लाल कन्नौजिया के बेटे और भाई ने जानकारी देते हुए बताया कि विवाद की मुख्य वजह उनके घर के सामने बन रही सीसी रोड का निर्माण है। रोड का निर्माण काफी पतला और अनियमित तरीके से किया जा रहा था। जब उन्होंने सचिव से गाड़ी आने-जाने के लिए रोड को सही तरीके से चौड़ा बनाने की बात कही, तो सचिव ने कहा कि “जितना लगे दो-तीन बोरी मसाला ले कर, खुद बना लेना।” इसके बाद सुबह जब वे रोड का काम कर रहे थे, तो सचिव अजय हिरोंदे ने फोन पर उनके साथ गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी दी।
इसके कुछ ही समय बाद, पंचायत के इन रसूखदारों ने अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर पीड़ित के काम करने वाली जगह पर जाकर घेर लिया और लोहे की रॉड व लाठियों से जानलेवा हमला किया।
पंचायत पदाधिकारियों सहित इन लोगों पर लगा गंभीर आरोप
इस पूरी घटना में पीड़ित पक्ष ने सीधे तौर पर धुर्रा पंचायत के जिम्मेदार पदाधिकारियों और उनके करीबियों पर मारपीट का आरोप लगाया है। पीड़ित परिवार के अनुसार, हमला करने वालों में मुख्य रूप से शामिल थे:
सरपंच, उपसरपंच और सचिव
अस्पताल के बिस्तर से न्याय की गुहार लगा रहा पीड़ित परिवार
गंभीर रूप से घायल पहलू लाल को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनका इलाज जारी है। घटना के बाद से पीड़ित का पूरा परिवार डरा हुआ है। अस्पताल के बिस्तर पर बेबस पड़े पीड़ित को देख उनका पूरा परिवार प्रशासन से न्याय की गुहार लगा रहा है।
पीड़ित परिवार का कहना है कि
पंचायत के इन रसूखदारों ने अपनी ताकत का गलत इस्तेमाल करते हुए उन पर दबाव बनाने और डराने-धमकाने के उद्देश्य से यह हमला किया है। उन्होंने पुलिस के उच्च अधिकारियों से मांग की है कि आरोपियों के रसूख को दरकिनार कर उनके खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए और पीड़ित परिवार को सुरक्षा प्रदान की जाए।

