
कैट डिंडोरी की नई जिला कार्यकारिणी घोषित -युवा व्यापारियों को मिली अहम जिम्मेदारी – मीडिया प्रभारी बने प्रकाश मिश्रा,
मीडिया प्रभारी बने प्रकाश मिश्रा, नई कार्यकारिणी में उपाध्यक्ष, मंत्री एवं विभिन्न पदों पर पदाधिकारियों को मिली जिम्मेदारी
संपादक प्रकाश मिश्रा
जनपथ टुडे डिंडौरी 01 नवंबर 2026-अखिल भारतीय व्यापारी परिसंघ (कैट) की डिंडोरी जिला इकाई की नई कार्यकारिणी की घोषणा कर दी गई है। जिला अध्यक्ष प्रभात जैन ने संगठन के विभिन्न पदों पर नवीन पदाधिकारियों की नियुक्ति करते हुए उन्हें जिम्मेदारियां सौंपी हैं। नई कार्यकारिणी में जिले के व्यापारियों को संगठित करने, व्यापारिक हितों की आवाज बुलंद करने और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने पर विशेष जोर दिया गया है।
नई कार्यकारिणी के गठन में संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष बी.सी. भरतिया, राष्ट्रीय महामंत्री एवं सांसद प्रवीन खंडेलवाल तथा मध्यप्रदेश प्रभारी संजय पटवारी का मार्गदर्शन प्राप्त हुआ। वहीं मध्यप्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र जैन के निर्देश, प्रदेश कार्यवाहक अध्यक्ष गोविंद दास असाटी एवं प्रदेश महामंत्री जितेंद्र पचौरी की सहमति के साथ जबलपुर संभागीय अध्यक्ष दीपक सेठी, संभागीय महामंत्री राजा सराफ, प्रदेश संरक्षक संदेश जैन एवं प्रदेश मंत्री रोहित खटवानी का मार्गदर्शन रहा।
इन्हें मिली नई जिम्मेदारी
घोषित कार्यकारिणी के अनुसार उपाध्यक्ष पद पर दीपक प्रशनानी, राज साहू, कमलेश अवधिया, दीपक तिवारी, अतुल सोनी, राजेन्द्र परमार, रत्नेश बिलैया, संजय मंगलम एवं रितेश जैन को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
मंत्री पद पर दीपांशु जैन, योगेश महाराजानी, ऋषि जैन, रामचंद्र बिलैया, दिलीप कमतानी, स्कन्द चौकसे, राजेन्द्र बर्मन, सुमित खनूजा एवं सुनील जैन नियुक्त किए गए हैं।
संगठन मंत्री सतीश गोगया, सह संगठन मंत्री घनश्याम ताम्रकार, कोषाध्यक्ष रमेश राजपाल, सह कोषाध्यक्ष रजनीश राय, मीडिया प्रभारी प्रकाश मिश्रा एवं सह मीडिया प्रभारी निशांत प्रशनानी बनाए गए हैं।
कार्यकारिणी सदस्य के रूप में सतेंद्र जैन, पुनीत जैन, रूपकिशोर साहू, अंशुल सलूजा, राकेश जैन, विकास तिवारी, तकाज मंसूरी, प्रफुल्ल जैन, निक्की अग्रवाल, हैदर खान, सुदेश जैन, गोविन्द मोबाइल, धर्मेन्द्र दीक्षित, आलोक सोनी, दर्शन जैन एवं श्रीकांत गुप्ता को शामिल किया गया है।
वहीं वरिष्ठ संरक्षक के रूप में सुगम चन्द जैन (अधिवक्ता), उमेश नायक, प्रदीप तिवारी, प्रह्लाद छेतीजा एवं कृष्णा परमार को जिम्मेदारी दी गई है।
औद्योगिक कॉरिडोर से डिंडोरी के व्यापार को मिलेगी नई दिशा : प्रभात जैन
नई कार्यकारिणी के गठन के अवसर पर जिला अध्यक्ष प्रभात जैन ने डिंडोरी के व्यापारिक एवं आर्थिक विकास को लेकर अपनी प्राथमिकताएं साझा कीं। उन्होंने कहा कि जबलपुर-भोपाल-इंदौर औद्योगिक कॉरिडोर डिंडोरी के व्यापार और स्थानीय अर्थव्यवस्था को नई दिशा देने की क्षमता रखता है। जबलपुर में आधुनिक लॉजिस्टिक्स हब विकसित होने से जिले के व्यापारियों को माल मंगाने और तैयार उत्पादों को विभिन्न बाजारों तक पहुंचाने में समय एवं परिवहन लागत की बचत हो सकती है।
ज्ञात हो कि डिंडोरी जिले के निकट स्थित पवित्र अमरकंटक, जहां से मां नर्मदा का उद्गम होता है, धार्मिक एवं प्राकृतिक पर्यटन का प्रमुख केंद्र है। बेहतर सड़क संपर्क से पर्यटकों की आवाजाही सुगम होने पर होटल, रेस्टोरेंट, परिवहन और स्थानीय व्यापार को बढ़ावा मिल सकता है। जिले का घुघवा राष्ट्रीय जीवाश्म उद्यान, जहां करोड़ों वर्ष पुराने वनस्पति जीवाश्म संरक्षित हैं, पर्यटन की एक और विशेष संभावना है।
उन्होंने कहा कि डिंडोरी की पहचान कोदो-कुटकी जैसे पौष्टिक अनाज और औषधीय वनस्पतियों से जुड़ी हुई है। यदि बेहतर परिवहन, भंडारण और पैकेजिंग की सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं तो कोदो-कुटकी प्रसंस्करण, जैविक खाद्य उत्पादों तथा आयुर्वेदिक एवं हर्बल उत्पादों से जुड़े उद्योगों को बढ़ावा मिल सकता है। इससे स्थानीय किसानों, वन उपज पर निर्भर समुदायों और उद्यमियों को नए बाजारों तक पहुंचने के अवसर मिलेंगे।
प्रभात जैन के अनुसार जबलपुर की बेहतर कनेक्टिविटी से कच्चा माल लाना और तैयार उत्पादों को भोपाल, इंदौर सहित अन्य बड़े बाजारों तक पहुंचाना सुविधाजनक हो सकेगा। इससे डिंडोरी में छोटे उद्योगों की स्थापना, रोजगार सृजन और स्थानीय व्यापार के विस्तार की संभावनाएं बढ़ेंगी।
डिंडोरी को लॉजिस्टिक्स नेटवर्क से जोड़ने की मांग
जिला अध्यक्ष ने सरकार से मांग की कि डिंडोरी को औद्योगिक कॉरिडोर के लॉजिस्टिक्स नेटवर्क से जोड़ने के साथ खाद्य प्रसंस्करण, हर्बल उत्पाद, भंडारण एवं पैकेजिंग सुविधाओं के विकास पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने कहा कि जिले की प्राकृतिक एवं स्थानीय विशेषताओं को आर्थिक अवसरों में बदलने की दिशा में ठोस प्रयास किए जाने चाहिए।
नई कार्यकारिणी के गठन से कैट डिंडोरी जिला इकाई को संगठित रूप से व्यापारियों की समस्याओं, स्थानीय बाजार के विस्तार और जिले में औद्योगिक संभावनाओं को लेकर सक्रिय भूमिका निभाने का अवसर मिलेगा।

