सचिव दो साल से बीमार, रोजगार सहायक के हाथ सचिव की जिम्मेदारी; वित्तीय प्रभार पर उठ रहे सवाल – ग्राम पंचायत साल्हे घोरी का मामला

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संपादक प्रकाश मिश्रा 

जनपथ टुडे डिंडोरी 24 जुलाई 2026 – जनपद पंचायत समनापुर अंतर्गत ग्राम पंचायत साल्हेघोरी में सचिव के अतिरिक्त प्रभार को लेकर एक बार फिर प्रशासनिक और वित्तीय व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं। जिला पंचायत डिंडोरी के आदेश क्रमांक 1660, दिनांक 14 जुलाई 2026 के अनुसार ग्राम पंचायत के नियमित सचिव भारत सिंह राजपूत के लंबे समय से अस्वस्थ रहने के कारण ग्राम रोजगार सहायक रेवा सिंह ठाकुर को सचिव का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।

आदेश में उल्लेख है कि सचिव स्वास्थ्य कारणों से लगभग दो वर्षों से अपने दायित्वों का निर्वहन नहीं कर पा रहे थे। जनपद पंचायत समनापुर के प्रस्ताव के आधार पर पंचायत के कार्य प्रभावित न हों, इसलिए प्रशासनिक व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से यह निर्णय लिया गया। रेवा सिंह ठाकुर अपने मूल दायित्वों के साथ अब सचिवीय कार्य भी आगामी आदेश तक संभालेंगे।

किसके पास रहेगा वित्तीय पावर –

इस आदेश के बाद सबसे बड़ा प्रश्न वित्तीय प्रभार को लेकर उठ रहा है। यदि ग्राम पंचायत में नियमित सचिव पदस्थ हैं और केवल अतिरिक्त प्रभार दिया गया है, तो क्या वित्तीय प्रभार पूर्व से पदस्थ सचिव के पास रहेगा या फिर ग्राम रोजगार सहायक को वित्तीय अधिकार भी सौंपे गए हैं । यदि हाँ, तो क्या इसके लिए सक्षम प्राधिकारी द्वारा अलग से विधिवत आदेश जारी किया गया है और क्या यह पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के नियमों के अनुरूप है।

प्रशासन को इस पूरे मामले पर स्पष्ट स्थिति सामने रखनी चाहिए, ताकि भविष्य में पंचायत के वित्तीय लेन-देन को लेकर किसी प्रकार का विवाद या संदेह उत्पन्न न हो।

आम नागरिकों के सवाल कौन देगा जवाव –

क्या नियमित सचिव के पदस्थ रहते ग्राम रोजगार सहायक को वित्तीय अधिकार दिए जा सकते हैं?
क्या वित्तीय प्रभार देने के लिए अलग से सक्षम आदेश जारी किया गया है?
क्या पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के सभी नियमों और निर्देशों का पालन किया गया?
क्या जिला प्रशासन पूरे मामले की पारदर्शी जांच कर स्थिति स्पष्ट करेगा?

फिलहाल यह मामला केवल अतिरिक्त प्रभार तक सीमित नहीं है, बल्कि पंचायतों में वित्तीय अधिकारों के हस्तांतरण, नियमों के पालन और प्रशासनिक पारदर्शिता को लेकर भी गंभीर चर्चा का विषय बन गया है। यदि वित्तीय प्रभार नियमों के अनुरूप दिया गया है, तो प्रशासन द्वारा इसकी स्पष्ट जानकारी सार्वजनिक करने से सभी शंकाओं का समाधान हो सकेगा।

इनका कहना है –

एक पंचायत में दो सचिव के मुद्दे पर जब हमने जनपद पंचायत समनापुर के सीईओ रोहित उपाध्याय से बात की तो उन्होंने कहा कि आपके माध्यम से यह बिंदु सामने आए हैं मैं इस पर नियमा नुसार चर्चा करूंगा। जो नियम होगा उसके अनुसार कार्यवाही प्रस्तावित करेंगे।

रोहित उपाध्याय
CEO समनापुर

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